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December 29, 2021

"डि-कपल्ड"

De-Coupled.

एक विवेचना 

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अभी कुछ दिनों पहले ही इस बारे में पढ़ा था कि कैसे किसी 'प्रेयर-रूम' (प्रेरय-रूम) में वह व्यक्ति अपनी पीठ के दर्द की चिन्ता में स्ट्रेचिंग की कोशिश करता है और जब उसे बताया जाता है कि यहाँ वह 'प्रेयर' तो कर सकता है, किन्तु शारीरिक व्यायाम नहीं कर सकता है, तो वह अपनी प्रेयर को गायत्री-मन्त्र से सिंक्रोनाइज़ कर लेता है और आराम से परिस्थितियों को अपने पक्ष में कर लेता है।

इस बारे में इतना ही पढ़ा था । यह भी पता चला कि उस कथा से प्रसिद्ध लेखक चेतन भगत का भी कोई संबंध है।

जो भी हो, यह समझना आवश्यक है कि समय रहते ही देश की संस्कृति, राजनीति और रीति-रिवाजों को विदेशी प्रभावों से पूरी तरह 'डि-कपल' कर लिया जाना ही एकमात्र उपाय है जिससे कि समूचा विश्व और सभी सुखी हो सकते हैं।

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